स्वामी हरसेवानन्द पब्लिक स्कूल, बनपुरवां का वार्षिकोत्सव इस वर्ष अद्भुत सांस्कृतिक रंगों से सरोबार रहा। ‘स्वर्णिम भारत’ की थीम पर आयोजित कार्यक्रम ने विद्यालय परिसर को सप्तरंगी छटा से भर दिया। करीब चार घंटे तक चली प्रस्तुतियों ने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। मुख्य अतिथि के रूप में काशी हिन्दू विश्वविद्यालय, चिकित्सा विज्ञान संस्थान, काय-चिकित्सा विभाग के डॉ. अजय कुमार पाण्डेय ने अपनी उपस्थिति से कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई।कार्यक्रम की शुरुआत विद्यालय समूह के प्रबन्धक बाबा प्रकाशध्यानानन्द के सानिध्य में मुख्य अतिथि द्वारा स्वामी हरसेवानन्द जी महाराज के चित्र पर माल्यार्पण व दीप प्रज्ज्वलन से हुई।मुख्य अतिथि डॉ. पाण्डेय ने छात्रों के प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि आज की भावी पीढ़ी लोक कला और संस्कृति को जीवित रखने में पूरी तरह सक्षम है। उनके अनुसार विद्यार्थियों की अभिव्यक्ति और प्रस्तुति में भारतीय संस्कृति की जड़ें स्पष्ट रूप से झलकती हैं।
कुलगीत और स्वागत गीत से प्रारंभ हुए सांस्कृतिक क्रम ने देखते ही देखते दर्शकों को भाव-विभोर कर दिया। ‘आरम्भ है’, ‘गुरुकुल ड्रामा’, ‘योगा डांस’, ‘मशाल डांस’, ‘मंगल पाण्डेय ड्रामा’ जैसी प्रस्तुतियों ने दर्शकों की आँखें नम कर दीं। वहीं ‘शिव तांडव’, ‘भरतनाट्यम’, ‘राजस्थानी’, ‘आसामी’, ‘कश्मीरी’, ‘किड्स डांस’ और ‘मराठी’ नृत्य ने पूरे माहौल को उल्लास और ऊर्जा से भर दिया।लगभग 400 विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत इस भव्य सांस्कृतिक समारोह का संचालन शिक्षिकाओं मंजुलता शर्मा और फूलकुमारी यादव के निर्देशन में हुआ। नन्हें कलाकारों ने आधुनिक जीवनशैली की व्यस्तता के बीच मनोरंजन के विभिन्न आयामों को अपने प्रदर्शन में जीवंत कर दर्शकों की भरपूर सराहना बटोरी।कार्यक्रम के अंत में विद्यालय प्रबंधन की ओर से मुख्य अतिथि को स्मृति चिह्न व अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया गया। वार्षिक प्रतिवेदन एवं स्वागत भाषण प्रधानाचार्य अजय कुमार चौबे ने प्रस्तुत किया, जबकि आभार ज्ञापन छात्रावास अधीक्षक रि. ले. एम.एस. यादव ने किया। मंच संचालन का दायित्व छात्र अनुभव दूबे एवं सृष्टि पटेल ने बखूबी निभाया।वार्षिकोत्सव का यह रंगारंग आयोजन लंबे समय तक दर्शकों के दिलों में स्मरणीय छाप छोड़ गया।

