सऊदी अरामको रिफाइनरी पर ड्रोन हमला सऊदी अरब की प्रमुख तेल कंपनी अरामको की विश्व की सबसे बड़ी रिफाइनरी रास तानुरा पर ड्रोन हमले के बाद यह सुविधा अस्थायी रूप से बंद कर दी गई है। यह रिफाइनरी खाड़ी तट पर स्थित है और दुनिया के ऊर्जा बाजार के लिए अहम है। हमले के कारण वैश्विक तेल आपूर्ति और कच्चे तेल की कीमतों पर असर का जोखिम बढ़ गया है। विश्लेषकों के अनुसार ब्रेंट क्रूड की कीमतें पहले ही लगभग 80 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच चुकी हैं। मध्य पूर्व में व्यापक मिसाइल और ड्रोन हमलों की लहरईरान ने संयुक्त राज्य अमेरिका और इज़राइल द्वारा उसके ठिकानों पर किये गए जोड़ों हमलों के जवाब में मिसाइलें और ड्रोन कई खाड़ी देशों और इजराइल के खिलाफ दागे हैं। इनमें कतर, बहरीन, कुवैत, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) आदि शामिल हैं, जहां पर अमेरिकी और सहयोगी ठिकानों को निशाना बनाया गया। सायरन बजने और विस्फोटों की आवाज़ें कई शहरों में सुनी गईं हैं। बहरीन और कतर पर हमलों के दृश्य सामने आए बहरीन में इरानी हमलों के दौरान सायरन बजते और धमाकों की आवाज़ें रिकॉर्ड की गईं हैं, वहीं कतर में भी मिसाइल हमलों के बाद तनाव बढ़ा हुआ दिखा है। ऐसे में वहाँ फंसे कुछ भारतीय नागरिकों की सुरक्षित वापसी को लेकर परिवारों ने चिंता जताई है। अमेरिका-इज़राइल और ईरान के बीच संघर्ष का विस्तार
पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष की शुरुआत संयुक्त राज्य अमेरिका और इज़राइल द्वारा ईरान पर भारी हवाई और मिसाइल हमलों से हुई, जिसके बाद ईरान ने बड़े पैमाने पर पलटवार किया है। इस जंग में कई सैन्य ठिकानों के साथ-साथ नागरिक इलाकों में भी हताहतों की खबरें आई हैं। इस पूरे विवाद के कारण संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद समेत अंतरराष्ट्रीय मंचों पर क्षेत्रीय स्थिरता को लेकर चिंता जताई जा रही है। खाड़ी देशों और सऊदी अरब की प्रतिक्रिया सऊदी अरब तथा अन्य खाड़ी सहयोगी देशों ने ईरान के इन हमलों की कड़ी निंदा की है और अपनी संप्रभुता के उल्लंघन के रूप में इसे बताया है। रियाद ने तहरान के खिलाफ कूटनीतिक कड़े संदेश जारी किए हैं और अपनी रक्षा क्षमताओं का उपयोग करने की चेतावनी दी है। वैश्विक आर्थिक प्रभावतेल की कीमतों में उछाल और आपूर्ति खतरों के कारण वैश्विक ऊर्जा बाजार अस्थिर दिख रहा है। समुद्री मार्गों और होरमज़ जलसंधि जैसे प्रमुख व्यापार मार्गों पर भी संकट के कारण जोखिम प्रीमियम बढ़ा है।

