डर्बीशायर क्लब के तत्वावधान में हर साल की तरह इस साल भी फिल्मी दुनिया के महान गायक मुकेश साहब की 49 वीं पुण्यतिथि क्लब अध्यक्ष शकील अहमद जादूगर के नेतृत्व में पितरकुण्डा कुंड पर मछलियों को चार खिलाकर मनाया गया वह मुकेश साहब को श्रद्धांजलि अर्पित की गयी।इस अवसर पर शकील अहमद जादूगर ने बताया कि मुकेश साहब मुम्बई में नायक बनने आए थे मगर वे एक गायक बनकर रह गए इस फिल्मी दुनिया में इतने नायाब गीत गाये जो उन्हें महान गायक की श्रेणी में खड़ा कर दिया। शकील ने कहा कि वैसे तो मुकेश साहब ने हजारों गीत गाये हैं मगर कुछ उनके यादगार गीत होठों पर सच्चाई रहती है जहां दिल में सफाई रहती है हम उस देश के वासी हैं जिस देश में गंगा बहती है , जिस गली में तेरा घर न हो बालमा उस गली से हमे त्तो गुजरना नहीं, जो तुमको पसन्द वहीं बात करेंगे तुम दिन को अगर रात कहो रात कहेंगे, चल उड़ जा पंछी देश हुआ बेगाना कजरा न बह जाय रोते रोते, तेरी बिंदिया, किसी की मुस्कुराहट पे हो निसार, सबकुछ सीखा हमने न होशियारी सच है दुनियावालो हम हैं अनाड़ी जैसे गीत आज भी लोगों की जुबां पर है।
शकील ने कहा कि मुकेश साहव राजकपूर के अलावा राजेन्द्र कुमार, राजेश खन्ना, धर्मेन्द्र, फिरोज खान, मनोज कुमार, अमिताभ बच्चन की आवाज बन चुके थे उनके गाये सारे गीत आज भी लोग चाव से सुनते हैं। शकील ने कहा कि 27 अगस्त 1976 को अमेरिका के एक कार्यकम में गाना गाते हुए मुकेश साहब को दिल का दौरा पड़ा और वे वहीं इस फानी दुनिया से रूख्सत हो गए।शकील ने मुकेश साहेब के चित्र पर माला फूल चढ़ाया दीपक रोशन किया हुए मुकेश साहब को श्रद्धांजलि अर्पित किया, श्री शकील ने कहा प्रधानमंत्री जी से मुकेश जी के नाम से एक ट्रेन चलाई जाए ताकि इन गायकारों को भी याद किया जाए कार्यक्रम में मुख्य रूप से , हाजी असलम, हैदर मौलाई, आफाक हैदर, बाले शर्मा, नारायण शर्मा चिंतित बनारसी गुफरान अहमद मोहम्मद अली बबलू गुप्ता शमीम अंसारी आरिफ हुसैन अतिकुर रहमान सहित कई लोग मौजूद रहे।
