मथुरा में 16 अगस्त को भगवान श्रीकृष्ण का 5252वां जन्मोत्सव भव्यता और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ मनाया जाएगा। श्रीकृष्ण जन्मभूमि से लेकर द्वारिकाधीश मंदिर और शहर की प्रमुख सड़कों को दुल्हन की तरह सजाया जा रहा है। तैयारियों का जायजा लेने के लिए डीएम चंद्र प्रकाश सिंह, एसएसपी श्लोक कुमार, नगर आयुक्त जग प्रवेश और अन्य अधिकारियों ने सुरक्षा, यातायात और भीड़ प्रबंधन की व्यवस्थाओं की समीक्षा की।प्रशासन का अनुमान है कि इस बार तीन दिन की छुट्टियों के चलते 55 से 60 लाख श्रद्धालु मथुरा पहुंच सकते हैं, जबकि पिछले वर्ष यह संख्या 45 से 46 लाख थी। भीड़ नियंत्रण के लिए करीब चार हजार पुलिस, आरएएफ और पीएसी के जवान तैनात होंगे, साथ ही एक हजार अतिरिक्त जवान शासन से मिलेंगे।
जन्मभूमि और द्वारिकाधीश मंदिर जाने वाले मार्गों पर ट्रैफिक प्रतिबंधित रहेगा, सुरक्षा की निगरानी ड्रोन से होगी और शहर में कई कंट्रोल रूम बनाए जाएंगे।दर्शन व्यवस्था को सरल और सुगम बनाने पर विशेष ध्यान दिया गया है, ताकि भक्त बिना किसी कठिनाई के भगवान के दर्शन कर सकें। योगी सरकार इस आयोजन के जरिए ब्रज की धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत को वैश्विक पहचान दिलाने और धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ स्थानीय कला व परंपराओं को नया जीवन देने की दिशा में काम कर रही है।जन्माष्टमी के दिन मथुरा भक्ति, उल्लास और सांस्कृतिक रंगों में रंगी नजर आएगी, जब देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु अपने आराध्य के जन्मोत्सव के साक्षी बनेंगे।
