दुर्गाकुण्ड स्थित माँ कूष्माण्डा दुर्गा मंदिर प्रांगण भक्तिरस से सराबोर रहा। वार्षिक श्रृंगार एवं संगीत समारोह की षष्ठ निशा में देर रात तक लोक संगीत और देवी भजनों की गूंज छाई रही। देशभर से आए विख्यात कलाकारों ने माँ के चरणों में अपनी प्रस्तुतियां अर्पित कर भक्तों को झूमने पर मजबूर कर दिया। छठी निशा की विशेष आकर्षण रहे विश्वविख्यात लोकगायक अरविंद अकेला कल्लू, जिन्होंने अपने गीतों से पूरा मंदिर प्रांगण भक्ति रस में डुबो दिया।
वहीं, बिहार से आए चर्चित गायक आर्यन बाबू ने गीतों से समां बांध दिया। कार्यक्रम में गीतांजलि मौर्य, अर्चना तिवारी, ज्योति गुप्ता, संजीत सागर, सुमन अग्रहरि, आंशिका सिंह, रविन्द्र सिंह ज्योति, सरोज वर्मा, प्रियंका सिंह, गोपाल त्रिपाठी, वैष्णवी राय सहित दर्जनों कलाकारों ने देवी गीत, पचरा और झूला गाकर श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।इस अवसर पर एमएलसी प्रत्याशी पंकज सिंह 'डब्लू', डॉ अमर अनुपम सहित कई विशिष्ट जनों ने मां के दरबार में हाजिरी लगाई। श्रृंगार महोत्सव के छठे दिन माँ कूष्माण्डा का दिव्य रूप स्वर्ण महारानी हार से अलंकृत किया गया। श्रृंगार पं. कौशलपति द्विवेदी एवं आरती पं. किशन दुबे द्वारा संपन्न की गई। कलाकारों का संयोजन प्रभुनाथ राय दाढ़ी ने किया और मंच संचालन सोनू झा ने किया। इस अवसर पर महंत राजनाथ दुबे एवं विश्वजीत दुबे ने कलाकारों का सम्मान किया। कार्यक्रम में पं. संजय दुबे, विकास दुबे, प्रकाश दुबे समेत महंत परिवार के सदस्य व भारी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
