!!नई दिल्ली!! साल 2026 का पहला चंद्रग्रहण 3 मार्च को लगने जा रहा है। यह चंद्रग्रहण फाल्गुन माह की पूर्णिमा तिथि पर पड़ेगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ग्रहण से नौ घंटे पहले सूतक काल प्रारंभ हो जाएगा, जिसके चलते देशभर के कई मंदिरों के कपाट बंद रहेंगे।ज्योतिषीय गणना के अनुसार चंद्रग्रहण की शुरुआत दोपहर 3 बजकर 20 मिनट पर होगी और इसका समापन शाम 6 बजकर 47 मिनट पर होगा। ग्रहण की कुल अवधि लगभग तीन घंटे 27 मिनट रहेगी।
सूतक काल का महत्व
हिंदू धर्म में सूतक काल को अशुभ माना जाता है। इस दौरान पूजा-पाठ, शुभ कार्य और मंदिरों में नियमित आरती आदि नहीं की जाती। सूतक काल ग्रहण शुरू होने से लगभग नौ घंटे पहले प्रारंभ हो जाता है। गर्भवती महिलाओं और बुजुर्गों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है।
मंदिरों के कपाट रहेंगे बंद
ग्रहण के दौरान देश के कई प्रमुख मंदिरों में दर्शन बंद रहेंगे। ग्रहण समाप्त होने के बाद मंदिरों की शुद्धि की जाएगी और फिर नियमित पूजा-अर्चना शुरू होगी।

