श्री गवरजा माता उत्सव समिति की ओर से शनिवार को मां गणगौर एवं ईसरजी की भव्य शोभायात्रा गाजे-बाजे और पारंपरिक धूमधाम के साथ निकाली गई। यह शोभायात्रा काशी गौशाला, गोलघर से प्रारंभ होकर चौक, गोदौलिया, गिरजाघर होते हुए लक्सा रोड स्थित लक्ष्मीकुण्ड के श्री श्याम मंदिर तक पहुंची।शोभायात्रा में सबसे आगे संस्था का बैनर था, जिसके पीछे धार्मिक धुन बजाते बैंड-बाजे और शहनाई की मधुर स्वर लहरियां वातावरण को भक्तिमय बना रही थीं। रथों की झांकी आकर्षण का प्रमुख केंद्र रही—पहले रथ पर विघ्नहर्ता गणेश जी, दूसरे पर ईसर जी और तीसरे रथ पर मां गणगौर विराजमान थीं। बाबा शंकर और मां पार्वती का जीवंत स्वरूप भी श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बना रहा।
पूरे मार्ग में जगह-जगह शोभायात्रा का भव्य स्वागत किया गया। श्याम मंदिर पहुंचने पर मां गणगौर, ईसर जी और गणेश जी की प्रतिमाओं को विधिवत स्थापित किया गया, जहां महिलाओं और कन्याओं ने श्रद्धा भाव से पूजन किया। इसके पश्चात घरों में पूजी गई गणगौर प्रतिमाओं का लक्ष्मीकुण्ड में विसर्जन किया गया।कार्यक्रम के सफल संचालन में संस्था के अध्यक्ष कमल अग्रवाल, मंत्री राम बुबना, कोषाध्यक्ष रामजी लाल चांडक सहित अनेक पदाधिकारी और सदस्य सक्रिय रहे। शोभायात्रा में सैकड़ों श्रद्धालुओं की भागीदारी से पूरा क्षेत्र भक्तिमय और उत्सवमय हो उठा।

