ईद-उल-फितर के मौके पर वाराणसी की ईदगाहों और मस्जिदों में हजारों मुस्लिम समुदाय के लोगों ने एक साथ नमाज अदा की और देश-दुनिया में अमन-शांति की दुआ मांगी।हालांकि इस बार ईद का माहौल सामान्य उत्सव जैसा नहीं रहा। नमाजियों ने ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत पर शोक जताते हुए काली पट्टी बांधकर नमाज अदा की।रिपोर्ट्स के अनुसार, नमाज के दौरान बड़ी संख्या में लोग काले बैंड और काले कपड़ों में नजर आए। यह कदम शोक और विरोध के प्रतीक के रूप में उठाया गया।
देश के कई हिस्सों में भी इसी तरह नमाजियों ने काली पट्टी बांधकर अपनी भावनाएं व्यक्त कीं। मुस्लिम समुदाय के लोगों का कहना है कि ईद की नमाज अदा करना जरूरी है, लेकिन इस बार खुशी के बजाय गम का माहौल है। कई लोगों ने इसे व्यक्तिगत क्षति जैसा बताया और पारंपरिक जश्न से दूरी बनाई।देश के विभिन्न शहरों में भी नमाज के दौरान खामेनेई को याद किया गया और उनके निधन पर दुख व्यक्त किया गया। कुछ स्थानों पर शांतिपूर्ण विरोध भी देखने को मिला।

