नैनी इलाके में सरकारी नौकरी दिलाने का झांसा देकर राजस्थान के युवकों को बंधक बनाने का मामला सामने आया है। गुरुवार को नैनी इंस्पेक्टर बृज किशोर गौतम ने पुलिस टीम के साथ पीडीए कॉलोनी, सरपतहिया की एक बिल्डिंग में छापा मारकर 21 युवकों को मुक्त कराया। मौके से एक आरोपी को गिरफ्तार भी किया गया है। अलवर निवासी सचिन प्रजापति ने बताया कि उसे और अन्य युवकों को नौकरी दिलाने का लालच देकर प्रयागराज बुलाया गया था। यहां उनसे 26 हजार रुपए ज्वाइनिंग के नाम पर और 1100 रुपए फॉर्म के लिए लिए गए। करीब 20 दिनों से सभी युवकों को कमरे में बंद रखा गया था और बाहर जाने नहीं दिया जा रहा था। सचिन किसी तरह गेट से कूदकर भागा और सीधे नैनी थाने पहुंचा, जिसके बाद पुलिस ने कार्रवाई की। मुक्त कराए गए युवकों ने पुलिस को बताया कि उनसे मारपीट की गई, तीन दिन से खाना तक नहीं दिया गया और सभी को एक ही कमरे में बंद रखा गया था। पीड़ितों में से कई युवक कर्ज लेकर घर से आए थे।
युवकों ने बताया कि राजस्थान का रहने वाला बबलू नाम का व्यक्ति उन्हें धमकाकर कमरे में बंद किए हुए था। उसने डराया कि राजस्थान पुलिस उन्हें एक आपराधिक मामले में तलाश रही है, इसलिए बाहर निकलने पर गिरफ्तारी हो सकती है। इसी डर से सभी चुपचाप कैद में रहे। फिलहाल पुलिस गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ कर रही है और अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।
