बेतिया में एक पत्नी ने अपने पति के खिलाफ आईटी एक्ट व आपराधिक धाराओं के तहत FIR दर्ज कराई है, आरोप है कि पति ने फेसबुक पर उसकी आपत्तिजनक फोटो सोशल मीडिया पर वायरल कर दी। घटना के सिलसिले में पुलिस मामले की जांच कर रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, महिला का आरोप है कि पति ने दहेज से जुड़ी बातचीत में असफलता के बाद यह कदम उठाया, जिससे उसे मानसिक व सामाजिक तौर पर काफी परेशानी हुई। पुलिस ने शिकायत मिलने के बाद ग्रिल पूछताछ शुरू कर दी है और वायरल सामग्री की विस्तृत जांच की जा रही है।
सोशल मीडिया पर अश्लील सामग्री पोस्ट करना गंभीर अपराध
इस तरह के मामलों में सोशल मीडिया पर बिना सहमति किसी की निजी या आपत्तिजनक तस्वीरें/वीडियो साझा करना गोपनीयता का उल्लंघन माना जाता है, और इसे आपराधिक कृत्य माना जाता है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पहले ऐसे ही एक मामले में कहा था कि शादी का संबंध पति को पत्नी के जीवन या निजी अधिकारों पर “स्वामित्व” नहीं देता, और ऐसी सामग्री साझा करना कानूनी व नैतिक रूप से अस्वीकार्य है। 
महिला सुरक्षा कानूनों और पुलिस कार्रवाई
– भारतीय दंड संहिता और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के तहत, बिना सहमति के व्यक्तिगत फोटो/वीडियो साझा करना गैरकानूनी है और इससे प्राथमिकी दर्ज की जा सकती है।
– पुलिस इस तरह के मामलों को गंभीरता से लेती है और संबंधित सोशल मीडिया सामग्री तथा आरोपियों के डिजिटल सबूतों की समीक्षा करती है।
– पीड़ित को संरक्षण, कानूनी सहायता और सलाह प्राप्त करने के अधिकार के बारे में भी जानकारी दी जाती है।
संपर्क जानकारी और आगे की कार्रवाई
पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर फर्रुखाबाद/बेतिया थाना को जांच सौंपी है। मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया, आरोप पत्र दाखिल करना और संभावित गिरफ्तारी की कार्रवाई जारी है।

.jpeg)
