नई दिल्ली, 30 मार्च 2026:आगामी जनगणना 2027 को लेकर सरकार ने महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इस बार जनगणना प्रक्रिया में लिव-इन रिलेशनशिप में रहने वाले जोड़ों को शादीशुदा के समान श्रेणी में शामिल किया जाएगा। यह कदम बदलते सामाजिक ढांचे को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है।सरकारी सूत्रों के अनुसार, जनगणना अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे लोगों की निजी जिंदगी से जुड़े सवाल पूछते समय संवेदनशीलता और मर्यादा का पूरा ध्यान रखें। किसी भी प्रकार के आपत्तिजनक या असहज करने वाले सवाल पूछने पर संबंधित अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
क्या होंगे नए बदलाव?
लिव-इन में रहने वाले जोड़ों को “विवाहित” श्रेणी के समान माना जाएगा व्यक्तिगत और निजी सवालों की सीमा तय की गई है जवाब देने के लिए नागरिकों पर किसी प्रकार का दबाव नहीं डाला जाएगा
सरकार का उद्देश्य
सरकार का कहना है कि इन बदलावों का उद्देश्य जनगणना को अधिक समावेशी और संवेदनशील बनाना है, ताकि समाज के हर वर्ग की सही और सम्मानजनक तरीके से गणना हो सके।
निगरानी और शिकायत व्यवस्था
जनगणना प्रक्रिया के दौरान किसी भी तरह की शिकायत के लिए विशेष हेल्पलाइन और निगरानी तंत्र भी तैयार किया जाएगा, जिससे नागरिक सीधे अपनी शिकायत दर्ज करा सकें।इस बार की जनगणना को आधुनिक तकनीक और डिजिटल माध्यमों के जरिए भी संचालित किया जाएगा, जिससे डेटा संग्रहण अधिक सटीक और तेज़ हो सके।

