राजातालाब क्षेत्र में लगभग 300 बीघा सरकारी जमीन को खाली कराने की प्रशासनिक कार्रवाई के विरोध में अधिवक्ताओं ने न्यायिक कार्य का बहिष्कार किया। इस कदम से न्यायालयों में कामकाज प्रभावित रहा।अधिवक्ताओं का कहना है कि प्रशासन द्वारा की गई कार्रवाई गलत और एकतरफा है। उनका आरोप है कि बिना उचित प्रक्रिया अपनाए लोगों को जमीन से बेदखल किया जा रहा है, जिससे प्रभावित पक्षों को न्याय मिलने में कठिनाई हो रही है।
विरोध प्रदर्शन के दौरान अधिवक्ताओं ने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए और जब तकच पूरी न हो, तब तक बेदखली की कार्रवाई पर रोक लगाई जाए।वहीं, प्रशासन का पक्ष है कि यह जमीन सरकारी रिकॉर्ड में दर्ज है और अवैध कब्जों को हटाने के लिए यह कार्रवाई की जा रही है। अधिकारियों के अनुसार, कानून के तहत ही कदम उठाए गए हैं।फिलहाल, इस मुद्दे को लेकर अधिवक्ताओं और प्रशासन के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है।

