प्रयागराज में सड़क सुरक्षा को लेकर प्रशासन ने बड़ा और सख्त कदम उठाने का फैसला किया है। जिलाधिकारी (डीएम) की अध्यक्षता में आयोजित जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में यह सहमति बनी कि अब ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ केवल चालान काटना ही पर्याप्त नहीं होगा, बल्कि उनके ड्राइविंग लाइसेंस पर भी कार्रवाई की जाएगी।बैठक में सड़क दुर्घटनाओं की बढ़ती घटनाओं और उनकी रोकथाम को लेकर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों ने बताया कि सड़क हादसों के पीछे सबसे बड़ी वजहों में बिना हेलमेट दोपहिया चलाना, कार चलाते समय सीट बेल्ट का इस्तेमाल न करना और वाहन चलाते समय मोबाइल फोन पर बात करना शामिल है। इन नियमों की अनदेखी से दुर्घटना की स्थिति में जान का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।
इसी को देखते हुए प्रशासन ने निर्णय लिया कि ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी। पहली बार उल्लंघन करने पर चालान की कार्रवाई की जा सकती है, जबकि बार-बार नियम तोड़ने वाले चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस को अस्थायी रूप से सस्पेंड करने की प्रक्रिया अपनाई जा सकती है।बैठक में पुलिस और परिवहन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि शहर के प्रमुख चौराहों, व्यस्त सड़कों और दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में जांच अभियान चलाया जाए। साथ ही सीसीटीवी कैमरों और अन्य तकनीकी माध्यमों का उपयोग करके नियमों का उल्लंघन करने वालों की पहचान की जाए।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे सड़क सुरक्षा नियमों का पालन करें और अपनी तथा दूसरों की सुरक्षा को प्राथमिकता दें। अधिकारियों का मानना है कि सख्त कार्रवाई के जरिए सड़क हादसों में कमी लाई जा सकती है और लोगों में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ेगी।


