पश्चिम बंगाल में राजनीतिक माहौल गरमाते हुए पूर्व मंत्री और तृणमूल कांग्रेस (TMC) नेता उदयन गुहा को बुधवार को कोलकाता के फूलबागान क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया गया। रिपोर्टों के अनुसार कूचबिहार पुलिस ने उन्हें कथित तोलाबाजी (जबरन वसूली) और सरकारी अस्पताल में बच्चों की यूनिट बनाने के नाम पर जुटाए गए करोड़ों रुपये के फंड में अनियमितताओं के आरोप में हिरासत में लिया है।शिकायतकर्ता रूपम साहा का आरोप है कि 2021 विधानसभा चुनाव के बाद उदयन गुहा ने अस्पताल परियोजना के लिए 20 से 25 करोड़ रुपये एकत्र किए थे, लेकिन वास्तविक काम केवल 40 से 50 लाख रुपये का ही कराया गया।
हालांकि पुलिस ने अभी तक आधिकारिक रूप से यह स्पष्ट नहीं किया है कि गिरफ्तारी किस मामले में की गई है।उदयन गुहा पहले भी विवादों में रहे हैं। पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने उन पर अपने काफिले पर हमले की साजिश रचने का आरोप लगाया था। शुभेंदु अधिकारी का दावा था कि अगस्त 2025 में कूचबिहार के खागड़ाबाड़ी क्षेत्र में उनके वाहन पर हमला उदयन गुहा के निर्देश पर हुआ था और पुलिस ने उन्हें बचाने की कोशिश की।
इस मामले को लेकर शुभेंदु अधिकारी ने हाई कोर्ट का रुख भी किया था। अदालत ने पुलिस से दोनों एफआईआर के बीच अंतर स्पष्ट करने और मामले पर विस्तृत हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया था। फिलहाल उदयन गुहा की गिरफ्तारी के बाद राज्य की राजनीति में नई बहस शुरू हो गई है और सभी की नजर पुलिस की आधिकारिक जानकारी पर टिकी हुई है।


