नई दिल्ली। शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर चल रहे विरोध के बीच कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए पद छोड़ने की मांग की है। पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने कहा कि यदि सरकार शिक्षा मंत्री के खिलाफ कार्रवाई नहीं करती, तो इसकी जिम्मेदारी प्रधानमंत्री पर भी बनती है।
सीजेपी का आरोप है कि परीक्षा संबंधी अनियमितताओं और पेपर लीक जैसे मामलों में केंद्र सरकार जवाबदेही तय करने में विफल रही है। पार्टी का कहना है कि इन घटनाओं ने छात्रों का भरोसा कमजोर किया है और सरकार को इसकी जिम्मेदारी स्वीकार करनी चाहिए।
![]() |
| Advertisement |
पार्टी ने स्पष्ट किया है कि शिक्षा मंत्री के इस्तीफे तक उसका आंदोलन जारी रहेगा। संगठन लगातार विरोध प्रदर्शन कर रहा है और सरकार पर छात्रों के हितों की अनदेखी करने का आरोप लगा रहा है।
![]() |
| Advertisement |
इस बीच सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के समर्थन में चल रहे आंदोलन ने भी इस मुद्दे को और प्रमुख बना दिया है। वांगचुक की तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया, जिसके बाद सीजेपी ने सरकार पर आंदोलन को दबाने का आरोप लगाते हुए अपना विरोध और तेज करने की घोषणा की।
![]() |
| Advertisement |



