वाराणसी के शिवपुर थाने में वाराणसी विकास प्राधिकरण (वीडीए) के जूनियर इंजीनियर समेत सात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। मामला रंगदारी मांगने, मारपीट, घर में घुसकर तोड़फोड़ और जातिसूचक शब्दों के इस्तेमाल से जुड़ा है। विशेष न्यायाधीश (एससी/एसटी) की अदालत के निर्देश पर दर्ज प्राथमिकी में जेई जयप्रकाश गुप्ता, वीडीए कर्मचारी सुशील उपाध्याय, अनिरुद्ध पांडेय और सूरज यादव के साथ तीन अज्ञात लोगों को नामजद किया गया है।
शिवपुर निवासी सुजीत कुमार सोनकर ने अदालत में प्रार्थना पत्र देकर बताया कि उनके मकान को लेकर वीडीए की ओर से नोटिस जारी किया गया था। नक्शा पास कराने के लिए कार्यालय पहुंचने पर उन्होंने काम कराने के बदले साढ़े तीन लाख रुपये मांगे जाने का आरोप लगाया। उनका कहना है कि उन्होंने 30 हजार रुपये एडवांस दिए थे। बाद में मकान से संबंधित शुल्क 8,13,433 रुपये निर्धारित हुआ, जिसमें उन्होंने 50 हजार रुपये जमा किए। आरोप है कि इसके बाद पांच लाख रुपये और देने का दबाव बनाया गया तथा मकान सील करने की धमकी दी गई।
सुजीत के मुताबिक, 17 मार्च की शाम आरोपी उनके घर पहुंचे और उनके साथ मारपीट की। उन्होंने आरोप लगाया कि इस दौरान घर में तोड़फोड़ की गई, जेब से आठ हजार रुपये निकाल लिए गए और जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल किया गया। साथ ही फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी देने का भी आरोप लगाया गया है। शिकायत के बावजूद पुलिस से कार्रवाई नहीं होने पर सुजीत ने अदालत का सहारा लिया। कोर्ट के आदेश के बाद पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी अजीत कुमार वर्मा ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।


