वाराणसी सरदार वल्लभभाई पटेल स्मारक अतिथि निवास, वाराणसी का कार्यभार ग्रहण करने के बाद संस्था के अध्यक्ष राणा प्रताप सिंह पटेल ने संगठन के विस्तार और विभिन्न सामाजिक योजनाओं की घोषणा की।उन्होंने बताया कि संस्था प्रदेश की राजधानी लखनऊ में संजय गांधी पोस्टग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (पीजीआई) के पास एक धर्मशाला (अतिथि निवास) स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि इलाज के लिए आने वाले मरीजों और उनके परिजनों को आवासीय सुविधा मिल सके।अध्यक्ष ने कहा कि संस्था को व्यापक बनाने के उद्देश्य से अन्य महत्वपूर्ण स्थानों पर भी शाखाएं खोली जाएंगी। साथ ही, गरीब छात्रों को उच्च एवं तकनीकी शिक्षा के लिए आर्थिक सहायता और छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी। गरीब महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए उन्हें व्यावसायिक (वोकेशनल) प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे वे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें।
संस्था द्वारा जरूरतमंद बेटियों की शादी में आर्थिक सहयोग और सामूहिक विवाह आयोजित करने की योजना भी बनाई गई है। इसके अलावा योग्य वर-वधु की खोज के लिए एक मैट्रीमोनियल बुकलेट भी प्रकाशित की जाएगी।सरदार वल्लभभाई पटेल के आदर्शों पर चलते हुए संस्था किसानों के विकास के लिए भी कार्य करेगी। ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि वैज्ञानिकों और किसानों के बीच संवाद स्थापित कर नई कृषि तकनीकों की जानकारी दी जाएगी, जिससे उत्पादन और उत्पादकता बढ़ सके।स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में भी संस्था सक्रिय रहेगी। ग्रामीण इलाकों में समय-समय पर स्वास्थ्य शिविर आयोजित कर विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा मुफ्त जांच और दवाइयों की व्यवस्था की जाएगी। इसके साथ ही दिव्यांगजनों को आवश्यक उपकरण उपलब्ध कराने में भी सहायता दी जाएगी।समाज में बढ़ती असमानता और उत्पीड़न की घटनाओं को देखते हुए संस्था एक विधि प्रकोष्ठ स्थापित करेगी, जो जरूरतमंद लोगों को मुफ्त कानूनी सहायता प्रदान करेगा।अध्यक्ष ने बताया कि वाराणसी एक प्रमुख धार्मिक, सांस्कृतिक और पर्यटन स्थल है, जहां देश-विदेश से बड़ी संख्या में लोग आते हैं। अतिथि निवास को आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित किया जाएगा और यात्रियों की सेवा के लिए 24 घंटे कर्मचारी उपलब्ध रहेंगे।प्रेस वार्ता में संस्था के मंत्री अजय कुमार सिंह, उपमंत्री सच्चिदानन्द ब्रम्हचारी, कोषाध्यक्ष रामआश्रय सिंह तथा कार्यसमिति के सदस्य अरुण कुमार सिंह, मनोज पटेल सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।

