आगामी सावन माह में बाबा काशी विश्वनाथ मंदिर में उमड़ने वाली भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में पुलिस कमिश्नर मोहित अग्रवाल ने मंदिर के गेट नंबर-4 पहुंचकर सुरक्षा व्यवस्था, भीड़ प्रबंधन और श्रद्धालुओं की सुविधाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों के साथ मंदिर परिसर का भ्रमण कर विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
मीडिया से बातचीत में पुलिस कमिश्नर ने बताया कि सावन के पूरे महीने लाखों श्रद्धालुओं के काशी पहुंचने की संभावना है। इसे देखते हुए व्यापक सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण की कार्ययोजना तैयार की जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रशासन का प्रयास है कि श्रद्धालुओं को कम समय में सुगम और व्यवस्थित दर्शन मिलें तथा लंबी कतारों की समस्या से राहत मिले। इसके लिए प्रवेश-निकास मार्ग, बैरिकेडिंग और भीड़ प्रबंधन की सभी व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि मंदिर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की समीक्षा की गई है और जहां आवश्यकता होगी वहां अतिरिक्त कैमरे लगाए जाएंगे। इसके अलावा पीएसी, पैरामिलिट्री फोर्स और एटीएस की तैनाती के लिए भी रणनीति तैयार की जा रही है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह सुदृढ़ रहे।
पुलिस कमिश्नर ने स्पष्ट किया कि सावन के प्रत्येक सोमवार को किसी भी प्रकार का वीआईपी प्रोटोकॉल लागू नहीं होगा। सभी श्रद्धालुओं को सामान्य कतार से ही दर्शन कराए जाएंगे, जिससे व्यवस्था सुचारु बनी रहे और किसी को असुविधा न हो।
उन्होंने कहा कि महाकुंभ के दौरान बड़े स्तर पर भीड़ प्रबंधन का जो अनुभव प्रशासन को मिला था, उसी मॉडल के आधार पर सावन में भी सुरक्षा और यातायात व्यवस्था लागू की जाएगी।निरीक्षण के दौरान अपर पुलिस आयुक्त शिवहरि मीना, डीसीपी गौरव बंसवाल, एडीसीपी ट्रैफिक अंशुमान सिंह सहित पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी एवं जवान मौजूद रहे।



