41 साल बाद एशिया कप के फाइनल में भारत और पाकिस्तान आमने-सामने होंगे। ग्रुप और सुपर-4 स्टेज में भारत ने पाकिस्तान को पहले ही दो बार हराया है, लेकिन फाइनल में कोई भी टीम जीत की प्रबल दावेदार हो सकती है। मैच रविवार को दुबई में खेला जाएगा।विश्लेषकों के अनुसार फाइनल का नतीजा तय करने वाले 4 मुख्य फैक्टर्स हैंपिच और टॉसदुबई की पिच ने पहले भी कई मैचों में निर्णायक भूमिका निभाई है। पिछले मैचों में कभी चेज करने वाली टीम जीती, तो कभी पहले बैटिंग करने वाली टीम। इस बार कप्तानों के लिए टॉस जीतकर बैटिंग चुनना या गेंदबाजी, बड़ा फैसला साबित हो सकता है। भारत की ओपनिंग जोड़ी:अभिषेक शर्मा और शुभमन गिल ने अब तक शानदार फार्म दिखाई है।
दोनों ने पाकिस्तान के खिलाफ सेंचुरी पार्टनरशिप की है और फाइनल में टिकने पर पावरप्ले में ही स्कोर तेजी से बढ़ा सकते हैं। पाकिस्तान की तेज गेंदबाजी:शाहीन शाह अफरीदी और हारिस रऊफ फाइनल में गेम चेंजर्स हो सकते हैं। नई गेंद से शुरुआत करने वाले शाहीन और डेथ ओवर्स में दबाव बनाने वाले रऊफ, भारत के ओपनर्स और मिडल ऑर्डर पर बड़ी चुनौती पेश करेंगे। भारत की स्पिन तिकड़ी:कुलदीप यादव, वरुण चक्रवर्ती और अक्षर पटेल ने टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया है। कुलदीप ने पाकिस्तान के खिलाफ लगातार विकेट लिए हैं और बुमराह की तेज गेंदबाजी भी भारत के पक्ष में नतीजा बदल सकती है। इन चार फैक्टर्स पर फाइनल का रूख निर्भर करेगा। अगर भारत की ओपनिंग टिकती है और स्पिन का दबाव पाकिस्तानी बल्लेबाजों पर बना रहता है, तो भारत फाइनल में बढ़त बना सकता है। वहीं पाकिस्तान के तेज गेंदबाज भारत को early झटका देने में सक्षम होंगे।
