वाराणसी। महाराष्ट्र सरकार के अधिकारियों ने हाल ही में काशी विश्वनाथ मंदिर की व्यवस्थाओं और स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SOP) का अध्ययन किया। अधिकारियों ने मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा व्यवस्था, दर्शन प्रणाली और आपदा प्रबंधन संबंधी व्यवस्थाओं का जायजा लिया।अधिकारियों ने मंदिर प्रशासन द्वारा अपनाई गई डिजिटल मॉनिटरिंग, कतार प्रबंधन और वीआईपी मूवमेंट नियंत्रण व्यवस्था की सराहना की। बताया जा रहा है कि महाराष्ट्र सरकार आगामी सिंहस्थ कुंभ में इसी प्रकार की व्यवस्थाएं लागू करने पर विचार कर रही है, ताकि श्रद्धालुओं को सुगम और सुरक्षित दर्शन व्यवस्था उपलब्ध कराई जा सके।
अध्ययन दल ने मंदिर प्रशासन के अधिकारियों के साथ बैठक कर SOP के विभिन्न पहलुओं की विस्तृत जानकारी प्राप्त की। इस दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और आपातकालीन परिस्थितियों में त्वरित प्रतिक्रिया प्रणाली पर विशेष चर्चा हुई।मंदिर प्रशासन के अनुसार, काशी विश्वनाथ धाम में प्रतिदिन बड़ी संख्या में आने वाले श्रद्धालुओं को व्यवस्थित तरीके से दर्शन कराने के लिए आधुनिक तकनीक और प्रशिक्षित मानव संसाधन का उपयोग किया जा रहा है। महाराष्ट्र से पहुंचे अधिकारियों ने इन व्यवस्थाओं को प्रभावी बताते हुए इसे बड़े धार्मिक आयोजनों के लिए उपयोगी मॉडल माना।

