मिडिल ईस्ट में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव का असर अब सर्राफा बाजार पर भी दिखाई देने लगा है। मंगलवार, 10 जून को सोने और चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट दर्ज की गई। निवेशकों के सुरक्षित निवेश से दूरी बनाने और नकदी बढ़ाने की रणनीति के चलते दोनों कीमती धातुओं के दाम टूट गए हैं। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अनुसार, 24 कैरेट सोने की कीमत 4,090 रुपए की गिरावट के साथ 10 ग्राम के लिए 1.48 लाख रुपए पर आ गई है। वहीं, चांदी 9,658 रुपए सस्ती होकर 2.36 लाख रुपए प्रति किलोग्राम पर पहुंच गई है।बीते 10 दिनों में चांदी की कीमत में सबसे बड़ी गिरावट देखने को मिली है।
31 मई को चांदी 2.63 लाख रुपए प्रति किलो थी, जो अब घटकर 2.36 लाख रुपए रह गई है। यानी महज 10 दिनों में चांदी 27 हजार रुपए सस्ती हो चुकी है। इसी अवधि में सोने के दाम भी करीब 8 हजार रुपए घटे हैं। बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि वैश्विक अनिश्चितता और बढ़ते तनाव के बीच निवेशक जोखिम कम करने के लिए बाजार से पैसा निकालकर नकदी रखना पसंद कर रहे हैं, जिससे कीमती धातुओं पर दबाव बढ़ा है। इस वर्ष सोने और चांदी की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। 31 दिसंबर 2025 को सोना 1.33 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम था, जो 29 जनवरी को बढ़कर 1.76 लाख रुपए के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया था। इसके बाद से सोना करीब 28 हजार रुपए तक सस्ता हो चुका है।
वहीं, चांदी 31 दिसंबर 2025 को 2.30 लाख रुपए प्रति किलो थी और 29 जनवरी को 3.86 लाख रुपए के ऑलटाइम हाई पर पहुंच गई थी। तब से अब तक करीब 130 दिनों में चांदी की कीमत में 1.50 लाख रुपए की बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। उधर, सर्राफा बाजार में गिरावट के बीच शेयर बाजार में तेजी का माहौल बना हुआ है। सेंसेक्स 500 अंकों की बढ़त के साथ 74,400 के स्तर पर कारोबार कर रहा है, जबकि निफ्टी 150 अंक चढ़कर 23,400 के आसपास पहुंच गया है। बाजार में आज आईटी और एफएमसीजी सेक्टर के शेयरों में सबसे ज्यादा खरीदारी देखने को मिली।


