उत्तर प्रदेश के अमरोहा में एक ही युवक से शादी करने का दावा करने वाली तीन युवतियों का मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। शादी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद इस पर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आईं। कुछ संगठनों ने पुलिस से शिकायत भी की, जिसके बाद तीनों युवतियां और उनका पति कोतवाली तथा बाद में सीओ कार्यालय पहुंचे।
पुलिस अधिकारियों के सामने तीनों युवतियों ने कहा कि वे सभी बालिग हैं और अपनी इच्छा से एक ही युवक को जीवनसाथी चुना है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि समाज इस फैसले को सही माने या गलत, इससे उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता। उनका कहना था कि वे बचपन से एक-दूसरे के बेहद करीब रही हैं और अलग नहीं होना चाहती थीं। जब परिवार सबसे बड़ी बहन की शादी की तैयारी करने लगा तो तीनों को अलग होने का डर सताने लगा। इसी वजह से उन्होंने आपसी सहमति से एक ही युवक से शादी करने का फैसला किया।
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युवतियों ने पुलिस के सामने अपने फैसले के समर्थन में सनातन परंपरा से जुड़े कुछ ऐतिहासिक उदाहरणों का भी उल्लेख किया। पुलिस ने उनकी बात सुनने के बाद तत्काल कोई कानूनी कार्रवाई नहीं की।उधर, पुलिस युवतियों और युवक के गांव भी पहुंची तथा परिजनों से बातचीत की। पुलिस ने परिजनों से तहरीर देने को कहा, लेकिन उन्होंने किसी भी तरह की कानूनी कार्रवाई कराने से साफ इनकार कर दिया। उनका कहना था कि वे इस मामले में कोई शिकायत दर्ज नहीं कराना चाहते।
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हालांकि, इस मामले में यह ध्यान देने योग्य है कि भारत में एक पुरुष का एक साथ एक से अधिक महिलाओं से विवाह करना (यदि उस पर हिंदू विवाह अधिनियम लागू होता है) सामान्यतः कानूनन मान्य नहीं है। इसलिए यदि इस कथित विवाह की कानूनी वैधता का प्रश्न उठता है, तो उसका निर्णय संबंधित कानून और सक्षम न्यायालय के आधार पर होगा। फिलहाल पुलिस का कहना है कि उपलब्ध शिकायतों और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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