मुगलसराय से पैदल चलकर अन्नपूर्णा मंदिर के अन्न क्षेत्र में भोजन करने पहुंचे एक मुस्लिम युवक को पुलिस ने संदिग्ध परिस्थिति में रोककर पूछताछ की। युवक के पास चाकू मिलने के बाद पुलिस ने उससे गहन पूछताछ की। जांच में सामने आया कि युवक मजदूरी की तलाश में वाराणसी आया था और काम नहीं मिलने पर निशुल्क भोजन की जानकारी के बाद अन्नपूर्णा मंदिर पहुंचा था।पुलिस के अनुसार युवक की पहचान शाहिद जमाल पुत्र कमरुद्दीन, निवासी नवापुरा, मुगलसराय, के रूप में हुई है। शाहिद ने बताया कि परिवार की आर्थिक स्थिति बेहद खराब है और कई बार पेट भर भोजन भी नसीब नहीं होता। वह सुबह करीब आठ बजे मुगलसराय से पैदल वाराणसी के बुलानाला पहुंचा था, जहां उसने मजदूरी की तलाश की, लेकिन काम नहीं मिला। इसके बाद लोगों से अन्नपूर्णा मंदिर के अन्न क्षेत्र में निशुल्क भोजन मिलने की जानकारी मिलने पर वह वहां भोजन करने जा रहा था।
मंदिर के हाई सिक्योरिटी जोन में मुस्लिम टोपी लगाए युवक को देखकर पुलिस ने उसे पूछताछ के लिए रोका। तलाशी में उसके पास चाकू मिला। पूछताछ में शाहिद ने बताया कि वह आयोजनों में सब्जी काटने का काम भी करता है और इसी के लिए चाकू लेकर चलता है। पुलिस के मुताबिक प्रारंभिक जांच में युवक की कोई संदिग्ध मंशा सामने नहीं आई है। अन्य एजेंसियां भी पूछताछ कर रही हैं और विशेष जानकारी न मिलने पर उसे छोड़ दिया जाएगा।
दशाश्वमेध थानाध्यक्ष संतोष कुमार सिंह ने बताया कि पूछताछ में युवक के परिवार की आर्थिक स्थिति बेहद खराब होने की जानकारी सामने आई है। मंदिर में निशुल्क भोजन मिलने की जानकारी के बाद वह भोजन करने पहुंचा था।काशी विश्वनाथ मंदिर के समीप स्थित अन्नपूर्णा मंदिर के अन्न क्षेत्र में नियमित रूप से श्रद्धालुओं और जरूरतमंदों के लिए निशुल्क भोजन की व्यवस्था रहती है। यहां बड़ी संख्या में लोग भोजन करते हैं और मान्यता है कि मां अन्नपूर्णा की कृपा से मानव सेवा के उद्देश्य से यह भोजन व्यवस्था संचालित होती है।


